Imports & Exportsनिर्यात शुरू करें

प्रोसेस्ड खाद्य

चीनी की मिठाइयाँ (कन्फ़ेक्शनरी) का निर्यात

भारतीय ब्रांडों की हार्ड कैंडी, टॉफ़ी, जेली और गम, मुख्यतः अफ़्रीका, दक्षिण-पूर्व एशिया और पड़ोसी देशों को।

निर्यात मुक्तHS 1704
HS कोड
1704
कोको-रहित चीनी की मिठाइयाँ: च्युइंग गम (1704 10), जेली, उबली टॉफ़ी, टॉफ़ी और कैरामेल (1704 90)।
निर्यात नीति
निर्यात मुक्त
मुक्त। चीनी (1701) पर अपने अलग निर्यात नियंत्रण हैं, पर 1704 की मिठाइयाँ अलग लाइन हैं — DGFT पर पुष्टि करें।
पंजीकरण
5
IEC, GST और नीचे दिए गए
2025-26 में भारत का निर्यात
US$ 283 मिलियन
128 देशों को

क्या निर्यात होता है

भारतीय कैंडी और टॉफ़ी निर्माता अफ़्रीका, दक्षिण-पूर्व एशिया और पड़ोसी देशों को कम दाम, ज़्यादा मात्रा वाली मिठाइयाँ, और प्रवासी दुकानों को भारतीय स्वाद वाली मिठाइयाँ बेचते हैं। APEDA कन्फ़ेक्शनरी को गुड़ के साथ गिनता है; इस समूह के 2025-26 में मुख्य गंतव्य इंडोनेशिया, बेनिन, केन्या, तंज़ानिया और कैमरून रहे।

क़िस्में, ग्रेड और रूप

  • उबली मिठाई और हार्ड कैंडी (1704 90 20)ज़्यादा मात्रा, कम दाम वाली लाइनें।
  • टॉफ़ी और कैरामेल (1704 90 30)दूध और फल वाली टॉफ़ियाँ।
  • जेली और गमी (1704 90 10)पेक्टिन-आधारित जेली हलाल और शाकाहारी ख़रीदारों के अनुकूल।
  • च्युइंग और बबल गम (1704 10)ज़्यादातर बड़े ब्रांड।

कहाँ उगता या बनता है

  • उत्तर प्रदेश, दिल्ली NCR और हरियाणाकैंडी और टॉफ़ी निर्माता।
  • गुजरात और महाराष्ट्रअहमदाबाद, मुंबई और पुणे।
  • तमिलनाडु और कर्नाटकचेन्नई और बेंगलुरु के प्लांट।

निर्यात पैकिंग

  • ट्विस्ट-रैप या फ़्लो-रैप टुकड़े जार या पाउच में, मास्टर कार्टन में।
  • नमी-रोधी पैकिंग; भंडारण और परिवहन में गर्मी से बचाएँ।

विदेश में ख़रीदार

  • पूर्वी और पश्चिमी अफ़्रीका के वितरक और थोक व्यापारी
  • इंडोनेशिया और दक्षिण-पूर्व एशिया के आयातक
  • अमेरिका, ब्रिटेन, कनाडा, ऑस्ट्रेलिया और खाड़ी के भारतीय और दक्षिण एशियाई किराना वितरक

ख़रीदार किस गुणवत्ता की माँग करते हैं

योजक
केवल गंतव्य में अनुमत रंग, परिरक्षक और योजक, अनुमत मात्रा में
नमी और चिपचिपापन
कम नमी और उपयुक्त रैपर, ताकि गर्मी में टुकड़े न चिपकें
एलर्जन
गंतव्य की सूची के अनुसार नियंत्रित और घोषित (EU में 14 एलर्जन; अमेरिका में तिल शामिल)
शेल्फ़-लाइफ़
ख़रीदार आमतौर पर पहुँचने पर कम से कम दो-तिहाई शेल्फ़-लाइफ़ बची चाहते हैं

प्रमाणपत्र

  • FSSAI licenceज़रूरीजिस परिसर में निर्यात के लिए खाद्य बनता, पैक या भंडारित होता है, उसके लिए FSSAI का केंद्रीय लाइसेंस। आवेदन FoSCoS पर।
  • APEDA RCMCज़रूरीAPEDA में पंजीकरण, जो DGFT पोर्टल पर RCMC के रूप में मिलता है। 15 सितंबर 2026 से ₹3 लाख FOB तक की खेप इसके बिना भी जा सकती है।
  • Halalअक्सर माँगा जाता हैखाड़ी, मलेशिया और इंडोनेशिया के कई ख़रीदार माँगते हैं। वही संस्था चुनें जिसे गंतव्य देश मानता हो।
  • ISO 22000 / FSSC 22000अक्सर माँगा जाता हैखाद्य-सुरक्षा प्रबंधन प्रमाणन; FSSC 22000 को GFSI की मान्यता है, जिसे बड़े रिटेलर और ब्रांड देखते हैं।
  • US FDA food-facility registrationअक्सर माँगा जाता हैअमेरिका के लिए खाद्य बनाने वाली हर इकाई का FDA पंजीकरण ज़रूरी है, और हर खेप की पूर्व सूचना देनी होती है। डिब्बाबंद और अम्लीकृत खाद्य के लिए FCE/SID प्रक्रिया फ़ाइलिंग भी।

शिपिंग, भंडारण और टिकाऊपन

कंटेनर में कितना

20 या 40 फ़ुट के सूखे कंटेनर में पैलेट पर कार्टन; मिश्रित-उत्पाद लोड आम हैं।

कैसे भेजें

समुद्री माल-भाड़ा; नमूनों और पहले छोटे ऑर्डर के लिए LCL या हवाई।

भंडारण

ठंडी, सूखी और धूप से दूर जगह; गर्मियों में कंटेनर के अंदर की गर्मी से बचाएँ।

टिकाऊपन

हार्ड कैंडी के लिए आमतौर पर 12–18 महीने; टॉफ़ी और जेली के लिए कम।

पैक और कार्टन पर क्या लिखें

  • EU के खुदरा पैक (विनियम 1169/2011): खाद्य का नाम, एलर्जन उभारकर लिखी सामग्री, शुद्ध मात्रा, बेस्ट-बिफ़ोर या यूज़-बाय तिथि, भंडारण की शर्तें, EU आयातक का नाम-पता, और जहाँ ज़रूरी हो मूल देश — बिक्री वाले देश की भाषा में।
  • अमेरिका (21 CFR 101): उत्पाद का नाम, अमेरिकी और मीट्रिक इकाइयों में शुद्ध मात्रा, सामग्री, मुख्य एलर्जन (तिल सहित), पैकर या वितरक का नाम व व्यवसाय-स्थल, छूट न हो तो Nutrition Facts, और “Product of India”।
  • खाड़ी देश: अरबी में विवरण (अरबी के साथ अंग्रेज़ी आम है), उत्पादन और समाप्ति तिथि, शुद्ध वज़न, मूल देश और आयातक का विवरण। मौजूदा नियम आयातक से पक्के करें।
  • EU में कुछ कृत्रिम रंगों के लिए चेतावनी वाक्य चाहिए; हलाल बाज़ार हलाल चिह्न और प्रमाणपत्र विवरण माँग सकते हैं।
  • हर पैक और कार्टन पर लॉट या बैच नंबर, बीजक और पैकिंग सूची से मेल खाता, ताकि माल की पहचान और वापसी हो सके।
जाँच कहाँ कराएँ

FSSAI-अधिसूचित प्रयोगशाला (fssai.gov.in → notified labs) या ऐसी NABL-मान्य लैब लें, जिसके दायरे में आपका उत्पाद और जाँच हो (nabl-india.org)। APEDA-मान्य लैब apeda.gov.in → Quality → Recognised Organisations पर हैं। नमूने भेजने से पहले ख़रीदार से पूछें कि वे किस लैब की रिपोर्ट मानते हैं।

इस उत्पाद के निर्यात के लाभ

  • इस लाइन पर RoDTEP वापसी

    च्युइंग गम और सभी चीनी मिठाइयाँ (1704 10 00 से 1704 90 90): FOB का 0.5%, कोई मूल्य-सीमा नहीं। दर Appendix 4R (10 अक्टूबर 2024 से लागू) के अनुसार है; DGFT अधिसूचना 41/2026-27 ने 30 सितंबर 2026 को लागू दरें 31 दिसंबर 2026 तक बिना बदलाव जारी रखी हैं। दाम तय करने से पहले अपनी सटीक 8 अंकों की लाइन dgft.gov.in पर जाँच लें।

    DGFT — Appendix 4R, RoDTEP schedule for DTA exports w.e.f. 10 Oct 2024 (Notification No. 32, 30 Sep 2024) ↗
  • APEDA सहायता (भारत कृषि निर्यात योजना)

    APEDA की 2026-27 से 2030-31 की वित्तीय सहायता योजना पंजीकृत निर्यातकों, FPO और प्रसंस्करणकर्ताओं को बुनियादी ढाँचे, प्रयोगशाला जाँच और गुणवत्ता प्रणाली, तथा बाज़ार विकास (व्यापार मेले, परीक्षण खेप, ब्रांड पंजीकरण) में मदद देती है। ख़र्च करने से पहले हर घटक की शर्तें पढ़ें।

    APEDA — Bharat Krishi Niryat Yojana 2026-27 to 2030-31, operational guidelines (6 Oct 2026) ↗

कहाँ पंजीकरण कराएँ

  • FSSAIखाद्य व्यवसाय लाइसेंस। खाद्य निर्यातक केंद्रीय लाइसेंस के दायरे में आते हैं; FoSCoS पर आवेदन करें और जिस परिसर में माल बनता या पैक होता है, उसका लाइसेंस चालू रखें।foscos.fssai.gov.in ↗
  • APEDAAPEDA की अनुसूचित वस्तुओं के लिए पंजीकरण-सह-सदस्यता प्रमाणपत्र (RCMC)। IEC मिलने के बाद DGFT पोर्टल पर आवेदन करें।dgft.gov.in ↗
  • Buyer-country food registrationकई आयातक देश विदेशी इकाई या उत्पाद का पंजीकरण माँगते हैं — जैसे अमेरिका में US FDA खाद्य-इकाई पंजीकरण, चीन के लिए GACC पंजीकरण, या कुछ खाड़ी देशों में उत्पाद पंजीकरण। APEDA का आयातक-देश नियम पेज देखें।apeda.gov.in ↗

गुणवत्ता और जाँच

  • केवल वही रंग, परिरक्षक और योजक, जो गंतव्य देश में अनुमत हों, अनुमत मात्रा में।
  • गंतव्य के लिए बने लेबल: सामग्री, एलर्जन, शुद्ध मात्रा, बेस्ट-बिफ़ोर तारीख़, आयातक का विवरण और उस देश की ज़रूरी भाषा।
  • इंडोनेशिया, मलेशिया और खाड़ी में हलाल प्रमाणन अक्सर माँगा जाता है, ख़ासकर जिलेटिन वाली जेली के लिए।
छोटी शुरुआत कैसे करें

किसी ऐसे भारतीय कैंडी निर्माता के मर्चेंट निर्यातक बनकर शुरुआत करें जिसके पास हलाल और निर्यात लेबल पहले से हों, और मिश्रित कंटेनर के साथ पूर्वी अफ़्रीका या नेपाल के वितरकों को लक्ष्य करें। 15 सितंबर 2026 से ₹3 लाख FOB तक की खेप के लिए RCMC ज़रूरी नहीं है (DGFT अधिसूचना 36/2026-27); क़ानून से ज़रूरी लाइसेंस, जैसे FSSAI, फिर भी लागू रहते हैं।

जहाँ नए निर्यातक चूकते हैं

  • भारत में अनुमत पर विदेश में प्रतिबंधित कृत्रिम रंग (जैसे EU में चेतावनी-लेबल वाले रंग)।
  • गर्म कंटेनरों में मिठाई का पिघलना या चिपकना — नमी-रोधी रैपर लगाएँ और बिना सुरक्षा के भीषण गर्मी में भेजने से बचें।

इसके लिए ख़ास दस्तावेज़

लागू योजनाएँ

स्रोत (5)
  1. APEDA — Jaggery and Confectionery (exports and destinations, 2025-26)
  2. DGFT — Appendix 4R, RoDTEP schedule for DTA exports w.e.f. 10 Oct 2024 (Notification No. 32, 30 Sep 2024)
  3. APEDA — Importing countries’ regulations
  4. FSSAI — FoSCoS food licensing portal
  5. DGFT Notification 36/2026-27 (15 Sep 2026) — no RCMC needed for consignments up to ₹3 lakh FOB

व्यापार के आँकड़े

भारत से चीनी की मिठाइयाँ (कन्फ़ेक्शनरी) का निर्यात — आँकड़ों में

वाणिज्य विभाग के TradeStat से, हर देश के लिए। US$ में, वित्त वर्ष (अप्रैल–मार्च)।

2025-26 में निर्यात
US$ 283 मिलियन
2020-21 से 2025-26 तक हर साल औसतन +18.5%
2024-25 से बदलाव
↑ +26.8%
US$ 223 मिलियन → US$ 283 मिलियन
ख़रीदार देश
128
औसत निर्यात मूल्य
US$ 1.18
प्रति किलो · 2,40,673 टन भेजा गया · पिछले साल US$ 1.22
बेनिन: US$ 27.9 मिलियनतंज़ानिया: US$ 17.6 मिलियननाइजीरिया: US$ 16.7 मिलियनघाना: US$ 12.7 मिलियनकेन्या: US$ 10.9 मिलियनसंयुक्त अरब अमीरात: US$ 10.7 मिलियनमोज़ाम्बिक: US$ 8.8 मिलियननीदरलैंड: US$ 8.2 मिलियनसंयुक्त राज्य अमेरिका: US$ 7.8 मिलियनसेनेगल: US$ 7.1 मिलियनसऊदी अरब: US$ 5.2 मिलियनटोगो: US$ 4.9 मिलियनओमान: US$ 3.8 मिलियननेपाल: US$ 3.4 मिलियनऑस्ट्रेलिया: US$ 3.4 मिलियनबेनिन: US$ 27.9 मिलियनबेनिनतंज़ानिया: US$ 17.6 मिलियनतंज़ानियानाइजीरिया: US$ 16.7 मिलियनघाना: US$ 12.7 मिलियनकेन्या: US$ 10.9 मिलियनसंयुक्त अरब अमीरात: US$ 10.7 मिलियनसंयुक्त अरब अमीरातमोज़ाम्बिक: US$ 8.8 मिलियनमोज़ाम्बिकनीदरलैंड: US$ 8.2 मिलियननीदरलैंडसंयुक्त राज्य अमेरिका: US$ 7.8 मिलियनसंयुक्त राज्य अमेरिकासेनेगल: US$ 7.1 मिलियनसऊदी अरब: US$ 5.2 मिलियनटोगो: US$ 4.9 मिलियनओमान: US$ 3.8 मिलियननेपाल: US$ 3.4 मिलियनऑस्ट्रेलिया: US$ 3.4 मिलियनभारत
भारत से चीनी की मिठाइयाँ (कन्फ़ेक्शनरी) कहाँ जाता है — हमारे 80 देशों में, 2025-26
2020-21: US$ 121 मिलियन1212020-212021-22: US$ 154 मिलियन1542021-222022-23: US$ 184 मिलियन1842022-232023-24: US$ 225 मिलियन2252023-242024-25: US$ 223 मिलियन2232024-252025-26: US$ 283 मिलियन2832025-26
भारत का चीनी की मिठाइयाँ (कन्फ़ेक्शनरी) निर्यात, साल-दर-साल · US$ मिलियन

दाम का चक्र

भारत के निर्यात का औसत दाम प्रति किलो, हर साल (कुल मूल्य ÷ कुल मात्रा)। सबसे ऊँचा 2022-23 में, सबसे नीचा 2025-26 में — ऊपर-नीचे का फ़र्क़ 10%। दाम तय करते समय यह झूला याद रखें।

2020-21: US$ 1.22 प्रति किलो2021-22: US$ 1.28 प्रति किलो2022-23: US$ 1.30 प्रति किलो1.302024-25: US$ 1.22 प्रति किलो2025-26: US$ 1.18 प्रति किलो1.182020-212021-222022-232023-242024-252025-26
चीनी की मिठाइयाँ (कन्फ़ेक्शनरी) का औसत निर्यात दाम · US$ प्रति किलो · बिंदीदार रेखा = बीच का साल उपलब्ध नहीं

आगे क्या: रुझान से अनुमान

पिछले सालों के रुझान को आगे बढ़ाकर बनाया गया अनुमान — किसी सरकारी संस्था का पूर्वानुमान नहीं। नीति, दाम या माँग का अचानक बदलाव इसमें शामिल नहीं है।

2020-21: US$ 121 मिलियन2020-212021-22: US$ 154 मिलियन2021-222022-23: US$ 184 मिलियन2022-232023-24: US$ 225 मिलियन2023-242024-25: US$ 223 मिलियन2024-252025-26: US$ 283 मिलियन2025-262026-27: US$ 334 मिलियन (US$ 304 मिलियन – US$ 368 मिलियन)3342026-272027-28: US$ 392 मिलियन (US$ 352 मिलियन – US$ 436 मिलियन)3922027-28
भारत का चीनी की मिठाइयाँ (कन्फ़ेक्शनरी) निर्यात और अनुमान · खोखले बार = अनुमान, रेखा = संभावित दायरा
2027-28 तक: US$ 392 मिलियन

संभावित दायरा US$ 352 मिलियन से US$ 436 मिलियन।

रुझान
+17.3% प्रति वर्ष
फ़िट (R²)
0.96
आधार
6 साल के आधिकारिक आँकड़े

तरीका: सालाना निर्यात के लघुगणक पर सीधी रेखा (लॉग-लीनियर रिग्रेशन), दायरा ±1 मानक त्रुटि।

सबसे बड़े ख़रीदार देश

2025-26 में मूल्य के हिसाब से। बदलाव 2024-25 की तुलना में।

नाम2025-26बदलाव
1बेनिनUS$ 27.9 मिलियन+282.9%
2कैमरूनUS$ 23.7 मिलियन+70.1%
3तंज़ानियाUS$ 17.6 मिलियन+60.8%
4नाइजीरियाUS$ 16.7 मिलियन-5.2%
5घानाUS$ 12.7 मिलियन+58.2%
6सोमालियाUS$ 12.4 मिलियन+36%
7केन्याUS$ 10.9 मिलियन+107.8%
8संयुक्त अरब अमीरातUS$ 10.7 मिलियन-0.8%
9कांगो लोकतांत्रिक गणराज्यUS$ 9.2 मिलियन-18.5%
10चाडUS$ 9.1 मिलियन-7%
11मोज़ाम्बिकUS$ 8.8 मिलियन+132.1%
12नीदरलैंडUS$ 8.2 मिलियन-10.5%

कहाँ माँग बढ़ रही है, कहाँ घट रही है

केवल वे देश जो कम से कम US$ 1 मिलियन या भारत के इस निर्यात का 1% ख़रीदते हैं। 2024-25 से 2025-26 का बदलाव।

ज़्यादा माँग

  1. बेनिनUS$ 7.3 मिलियन → US$ 27.9 मिलियन+282.9%
  2. युगांडाUS$ 1.2 मिलियन → US$ 3.4 मिलियन+179.5%
  3. मोज़ाम्बिकUS$ 3.8 मिलियन → US$ 8.8 मिलियन+132.1%
  4. सऊदी अरबUS$ 2.3 मिलियन → US$ 5.2 मिलियन+122.4%
  5. केन्याUS$ 5.2 मिलियन → US$ 10.9 मिलियन+107.8%
  6. कैमरूनUS$ 14 मिलियन → US$ 23.7 मिलियन+70.1%
  7. तंज़ानियाUS$ 10.9 मिलियन → US$ 17.6 मिलियन+60.8%
  8. घानाUS$ 8 मिलियन → US$ 12.7 मिलियन+58.2%

कम माँग

  1. Burkina FasoUS$ 3.1 मिलियन → US$ 1.9 मिलियन-39.9%
  2. अंगोलाUS$ 9.6 मिलियन → US$ 6 मिलियन-37.2%
  3. कनाडाUS$ 3.5 मिलियन → US$ 2.7 मिलियन-23.7%
  4. कांगो लोकतांत्रिक गणराज्यUS$ 11.3 मिलियन → US$ 9.2 मिलियन-18.5%
  5. नेपालUS$ 4 मिलियन → US$ 3.4 मिलियन-13.2%
  6. नीदरलैंडUS$ 9.2 मिलियन → US$ 8.2 मिलियन-10.5%

किस रूप में कितना जाता है, और किस दाम पर

भारत का निर्यात 8-अंकीय टैरिफ़ लाइन के हिसाब से, 2025-26। औसत दाम = कुल मूल्य ÷ कुल मात्रा (TradeStat), यानी एक लाइन के सभी शिपमेंट का औसत — किसी एक सौदे का दाम नहीं।

टैरिफ़ लाइनमूल्य 2025-26बदलावमात्राऔसत दाम
Boiled sweets whether or not filled1704 90 20 · Sugar confectionery,, not containing cocoaUS$ 125 मिलियन+48.1%1,12,897 टनUS$ 1.10 प्रति किलोपिछले साल US$ 1.16
Other sugar confectionery, not containing cocoa1704 90 90 · Sugar confectionery,, not containing cocoaUS$ 114 मिलियन+4.4%97,328 टनUS$ 1.17 प्रति किलोपिछले साल US$ 1.20
Chewing gum whether or not sugar coated1704 10 00 · Sugar confectionery, chewing gum, whether or not sugar-coated, not containing cocoaUS$ 23.7 मिलियन+47.9%19,498 टनUS$ 1.21 प्रति किलोपिछले साल US$ 1.30
Toffees,caramels and sim sweets1704 90 30 · Sugar confectionery,, not containing cocoaUS$ 14.9 मिलियन+37.4%8,180 टनUS$ 1.82 प्रति किलोपिछले साल US$ 1.83
Sugar confectionery,, not containing cocoa — jelly confectionery1704 90 10US$ 6 मिलियन+96.4%2,770 टनUS$ 2.16 प्रति किलोपिछले साल US$ 2.06

दुनिया का बाज़ार

UN Comtrade में हर देश का अपना दर्ज निर्यात और आयात, 2023 (वह नवीनतम साल जिसका लगभग सभी देशों ने आँकड़ा भेजा है)।

दुनिया का कुल आयात
US$ 16.1 बिलियन
2023
निर्यातकों में भारत
#19
153 देशों में
दुनिया के निर्यात में भारत का हिस्सा
1.3%
US$ 216 मिलियन
बाक़ी दुनिया का हिस्सा
US$ 16.9 बिलियन
दूसरे देशों का निर्यात

सबसे बड़े निर्यातक — आपके प्रतियोगी

  1. 1जर्मनीUS$ 2.13 बिलियन 12.4%
  2. 2चीनUS$ 1.59 बिलियन 9.3%
  3. 3मेक्सिकोUS$ 1.24 बिलियन 7.2%
  4. 4स्पेनUS$ 994 मिलियन 5.8%
  5. 5नीदरलैंडUS$ 991 मिलियन 5.8%
  6. 6तुर्कियेUS$ 907 मिलियन 5.3%
  7. 7बेल्जियमUS$ 842 मिलियन 4.9%
  8. 8अमेरिकाUS$ 747 मिलियन 4.4%
  9. 9पोलैंडUS$ 679 मिलियन 4%
  10. 10कनाडाUS$ 653 मिलियन 3.8%

दुनिया के सबसे बड़े ख़रीदार

  1. 1अमेरिकाUS$ 3.25 बिलियन 20.2%
  2. 2जर्मनीUS$ 1.06 बिलियन 6.6%
  3. 3यूनाइटेड किंगडमUS$ 1.03 बिलियन 6.4%
  4. 4फ़्रांसUS$ 642 मिलियन 4%
  5. 5कनाडाUS$ 633 मिलियन 3.9%
  6. 6नीदरलैंडUS$ 613 मिलियन 3.8%
  7. 7स्वीडनUS$ 382 मिलियन 2.4%
  8. 8पोलैंडUS$ 380 मिलियन 2.4%
  9. 9चीनUS$ 358 मिलियन 2.2%
  10. 10बेल्जियमUS$ 334 मिलियन 2.1%

मौक़ा: ये देश दुनिया से कितना ख़रीदते हैं, और भारत से कितना

UN Comtrade में हर देश का अपना दर्ज आयात, देश के नवीनतम वर्ष का। लंबी हल्की पट्टी वह माँग है जो अभी दूसरे देश पूरी कर रहे हैं।

संयुक्त राज्य अमेरिकाUS$ 3.32 बिलियनभारत 0.3% · अंतर US$ 3.31 बिलियन
जर्मनीUS$ 1.14 बिलियनभारत 0.5% · अंतर US$ 1.13 बिलियन
यूनाइटेड किंगडमUS$ 1.03 बिलियनभारत 0.1% · अंतर US$ 1.03 बिलियन
नीदरलैंडUS$ 714 मिलियनभारत 1.1% · अंतर US$ 706 मिलियन
फ़्रांसUS$ 684 मिलियनभारत 0.2% · अंतर US$ 683 मिलियन
कनाडाUS$ 672 मिलियनभारत 0.7% · अंतर US$ 668 मिलियन
चीनUS$ 360 मिलियनभारत 0.1% · अंतर US$ 359 मिलियन
दक्षिण कोरियाUS$ 328 मिलियनभारत 0.9% · अंतर US$ 325 मिलियन
संयुक्त अरब अमीरातUS$ 286 मिलियनभारत 5.6% · अंतर US$ 271 मिलियन
इटलीUS$ 269 मिलियनभारत 0.3% · अंतर US$ 268 मिलियन

2023-24 की मात्रा TradeStat में दोगुनी दर्ज है, इसलिए वह साल औसत मूल्य में नहीं लिया गया। स्रोत: TradeStat — Export Import Data Bank, Department of Commerce · UN Comtrade database (United Nations Statistics Division) · आँकड़े लिए गए: 29 अक्टूबर 2026।

कदम-दर-कदम

चीनी की मिठाइयाँ (कन्फ़ेक्शनरी) का निर्यात कैसे करें

चीनी मिठाइयों के विश्व व्यापार में यूरोपीय, तुर्की, चीनी और दक्षिण-पूर्व एशियाई निर्माता आगे हैं। भारतीय निर्यातक अफ़्रीका, दक्षिण-पूर्व एशिया और पड़ोसी देशों के लिए कम दाम वाली कैंडी और टॉफ़ी में मुक़ाबला करते हैं, जहाँ ब्रांड से ज़्यादा पैक आकार और दाम मायने रखते हैं। APEDA कन्फ़ेक्शनरी को गुड़ के साथ गिनता है; यह समूह 2025-26 में मुख्यतः इंडोनेशिया, बेनिन, केन्या, तंज़ानिया और कैमरून गया। मौक़े हलाल, शाकाहारी (पेक्टिन) और भारतीय स्वाद वाली मिठाइयों और वितरकों के निजी लेबल में हैं।

  1. 01रेंज चुनें

    लक्ष्य बाज़ार के दाम के अनुकूल कैंडी, टॉफ़ी या जेली चुनें।

  2. 02रंग और जिलेटिन जाँचें

    अननुमत रंग बदलें; पेक्टिन या प्रमाणित हलाल जिलेटिन इस्तेमाल करें।

  3. 03हलाल प्रमाणन लें

    ऐसी संस्था चुनें जिसे गंतव्य मानता हो।

  4. 04निर्यात लेबल बनाएँ

    गंतव्य के क़ानून के अनुसार लेबल बनाएँ — भारतीय लेबल नहीं — और छपाई से पहले आयातक से मंज़ूर कराएँ।

  5. 05गर्मी से बचाएँ

    नमी-रोधी रैपर में पैक करें और भीषण गर्मी से बचाकर परिवहन की योजना बनाएँ।

  6. 06बुकिंग, स्टफ़िंग और फ़ाइलिंग

    कंटेनर बुक करें, लदान-पूर्व जाँच के साथ भरें, ICEGATE पर शिपिंग बिल दाखिल करें और मूल प्रमाणपत्र व ज़रूरी स्वास्थ्य प्रमाणपत्र लें।

  7. 07भुगतान लें और फ़ाइल बंद करें

    मूल दस्तावेज़ अपने बैंक के ज़रिये भेजें (अग्रिम भुगतान हो तो सीधे ख़रीदार को)। पैसा आने पर e-BRC लें और जहाँ लागू हों, RoDTEP और ड्रॉबैक का दावा करें।

सवाल-जवाब

चीनी की मिठाइयाँ (कन्फ़ेक्शनरी) के निर्यात पर सवाल

क्या चीनी निर्यात नीति का असर कैंडी पर होता है?
चीनी (1701) पर अपने नियंत्रण हैं; चीनी मिठाइयाँ (1704) अलग लाइन हैं। DGFT पर पुष्टि करें।
क्या हलाल प्रमाणन चाहिए?
भारतीय क़ानून में नहीं, पर इंडोनेशिया, मलेशिया और खाड़ी के ख़रीदार आमतौर पर माँगते हैं।
कौन-सा RoDTEP लागू है?
1704 की सभी चीनी मिठाइयाँ और गम: FOB का 0.5%।
क्या विदेश में अपना भारतीय लेबल चल सकता है?
शायद ही। हर बाज़ार का अपना लेबल क़ानून है — अलग निर्यात लेबल बनाएँ और आयातक से मंज़ूर कराएँ।
क्या पहली छोटी खेप के लिए RCMC चाहिए?
15 सितंबर 2026 से ₹3 लाख FOB तक की खेप बिना RCMC के जा सकती है (DGFT अधिसूचना 36/2026-27)। FSSAI और दूसरे क़ानूनी लाइसेंस फिर भी लागू हैं, और ज़्यादातर निर्यात लाभों के दावे के लिए RCMC चाहिए।
स्रोत (5)
  1. APEDA — Jaggery and Confectionery (exports and destinations, 2025-26)
  2. DGFT — Appendix 4R, RoDTEP schedule for DTA exports w.e.f. 10 Oct 2024 (Notification No. 32, 30 Sep 2024)
  3. EU — Regulation (EU) No 1169/2011 on food information to consumers
  4. US eCFR — 21 CFR Part 101, food labelling
  5. FSSAI — Notified food testing laboratories

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