
यूरोप
जर्मनी को निर्यात
यूरोप की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था और EU में भारत का सबसे बड़ा साझेदार। गुणवत्ता, प्रमाणपत्र और आपूर्ति-श्रृंखला की पारदर्शिता को महत्व देता है।
- राजधानी
- बर्लिन
- मुद्रा
- EUR
- भारत से व्यापार समझौता
- India–EU Free Trade Agreement (concluded, not yet in force) अभी लागू नहींNot yet in force (talks concluded 27 Jan 2026)
- मुख्य बंदरगाह
- Hamburg, Bremerhaven, Frankfurt Airport
जर्मन ख़रीदार भारतीय मशीनरी पुर्ज़े, रसायन, परिधान, चमड़ा, जूते और जैविक खाद्य ख़रीदते हैं। संतुष्ट होने पर वे लंबे समय तक साथ रहते हैं, पर सटीक विनिर्देश, जाँच रिपोर्ट और समय पर डिलीवरी चाहते हैं। जर्मन क़ानून बड़ी कंपनियों से अपनी आपूर्ति-श्रृंखला में मानवाधिकार और पर्यावरण जोखिम जाँचने को कहता है, इसलिए प्रश्नावलियों की उम्मीद रखें।
जर्मनी भारत के साथ EU नियमों के तहत व्यापार करता है। भारत–EU FTA की वार्ता 27 जनवरी 2026 को पूरी हुई; वाणिज्य मंत्री (जून 2026) के अनुसार हस्ताक्षर दिसंबर 2026 तक और लागू होना 2027 की शुरुआत में अपेक्षित था। लागू होने पर परिधान, चमड़ा, जूते और वस्त्र जैसे श्रम-प्रधान सामान को सबसे ज़्यादा लाभ होगा। मौजूदा स्थिति commerce.gov.in पर पुष्टि करें।
भारत से क्या ख़रीदता है
- मशीनरी, बिजली के उपकरण और ऑटो पुर्ज़े
- कार्बनिक और अकार्बनिक रसायन, दवाएँ
- परिधान, घरेलू वस्त्र, चमड़े का सामान और जूते
- कॉफ़ी, चाय, मसाले और जैविक खाद्य
वहाँ के आयात नियम
- EU के सभी नियम लागू होते हैं: खाद्य के लिए MRL, मशीनरी और बिजली के सामान पर CE चिह्न, उत्पादों में रसायनों के लिए REACH, और स्टील व एल्युमिनियम के सामान के लिए CBAM डेटा।
- चमड़े का सामान, कॉफ़ी और लकड़ी के उत्पाद बड़े और मध्यम आयातकों के लिए 30 दिसंबर 2026 से EU के वन-कटाई नियम (EUDR) के दायरे में आएँगे।
- वस्त्र और चमड़े की जाँच प्रतिबंधित रंगों (एज़ो डाई), क्रोमियम VI और दूसरे प्रतिबंधित पदार्थों के लिए होती है।
- जैविक खाद्य EU द्वारा मान्य संस्था से प्रमाणित होना चाहिए; अनुबंध से पहले EU और APEDA की सूचियाँ जाँचें।
काम की बातें
- जर्मनी में व्यापार मेले बहुत अहम हैं: अनुगा (खाद्य, कोलोन), बायोफ़ाख़ (जैविक, न्यूरेमबर्ग), एम्बिएंटे और हाइमटेक्सटिल (घरेलू सामान और वस्त्र, फ़्रैंकफ़र्ट)।
- पहले कोटेशन के साथ पूरी तकनीकी फ़ाइल भेजें — ड्रॉइंग, सामग्री प्रमाणपत्र, जाँच रिपोर्ट।
- डिलीवरी का वादा निभाएँ। पहली खेप देर से पहुँचे तो रिश्ता आम तौर पर वहीं ख़त्म हो जाता है।
स्रोत (13)
- Department of Commerce — India-EU Free Trade Agreement concluded (27 Jan 2026)
- All India Radio News — India-EU likely to sign FTA by December: Piyush Goyal (21 Jun 2026)
- European Commission — Access2Markets (EU tariffs and import rules by product)
- European Commission — EU pesticides database (maximum residue levels)
- European Commission — Regulation on deforestation-free products (EUDR)
- European Commission — Carbon Border Adjustment Mechanism (CBAM)
- European Chemicals Agency — Understanding REACH
- German Customs (Zoll)
- Anuga (Koelnmesse)
- BIOFACH (NürnbergMesse)
- Ambiente (Messe Frankfurt)
- Heimtextil (Messe Frankfurt)
- Department of Commerce — TradeStat export-import data bank
व्यापार के आँकड़े
भारत से जर्मनी को निर्यात — आँकड़ों में
वाणिज्य विभाग के TradeStat से (वित्त वर्ष, अप्रैल–मार्च), दुनिया से इस देश के आयात UN Comtrade से, और देश की बुनियादी जानकारी विश्व बैंक से।
- 2025-26 में भारत से निर्यात
- US$ 11.5 बिलियन हमारे 80 देशों में 7वाँ
- 2024-25 से बदलाव
- ↑ +8.4% US$ 10.6 बिलियन → US$ 11.5 बिलियन
- भारत के कुल निर्यात में हिस्सा
- 2.61%
- दुनिया से इसका आयात
- US$ 1,433.4 बिलियन 2024 · इसमें भारत का हिस्सा 1.09%
भारत यहाँ सबसे ज़्यादा क्या बेचता है
HS अध्याय के हिसाब से, 2025-26। बदलाव 2024-25 की तुलना में।
किसकी माँग बढ़ रही है, किसकी घट रही है
वे अध्याय जिनमें भारत कम से कम US$ 5 मिलियन बेचता है। 2024-25 से 2025-26 का बदलाव।
↑ ज़्यादा माँग
- आटा, माल्ट, स्टार्चUS$ 58 मिलियन → US$ 104 मिलियन↑+79.9%
- मछली और समुद्री भोजनUS$ 60.6 मिलियन → US$ 93.5 मिलियन↑+54.2%
- एल्युमिनियमUS$ 85.4 मिलियन → US$ 124 मिलियन↑+45.4%
- वाहन और पुर्ज़ेUS$ 569 मिलियन → US$ 787 मिलियन↑+38.3%
- रत्न, आभूषण, क़ीमती धातुएँUS$ 150 मिलियन → US$ 196 मिलियन↑+31.1%
- रबड़US$ 278 मिलियन → US$ 355 मिलियन↑+27.4%
- फल और सब्ज़ी से बने उत्पादUS$ 55.8 मिलियन → US$ 68.9 मिलियन↑+23.5%
- गोंद, राल, पौधों के अर्कUS$ 85 मिलियन → US$ 104 मिलियन↑+22.9%
↓ कम माँग
- कालीनUS$ 116 मिलियन → US$ 86.4 मिलियन↓-25.7%
- पशु आहार और खाद्य अवशेषUS$ 151 मिलियन → US$ 125 मिलियन↓-16.7%
- रंग, पेंट, स्याहीUS$ 115 मिलियन → US$ 96.9 मिलियन↓-15.5%
- उपकरण, चिकित्सा यंत्रUS$ 416 मिलियन → US$ 356 मिलियन↓-14.5%
- लोहा और इस्पातUS$ 187 मिलियन → US$ 168 मिलियन↓-10%
मौक़ा: यह देश दुनिया से क्या ख़रीदता है, और भारत से कितना
UN Comtrade में इस देश का अपना दर्ज आयात, 2024। वे अध्याय जिनमें दुनिया से ख़रीद और भारत से ख़रीद का अंतर सबसे बड़ा है।
हमारी उत्पाद गाइड जो यहाँ बिकती हैं
हर उत्पाद का भारत से इस देश को निर्यात, 2025-26।
निर्यात की 20 सबसे बड़ी चीज़ें
4-अंकीय HS लाइन, 2025-26। विवरण HS नामावली के अंग्रेज़ी नाम में, साथ में अध्याय हिंदी में।
भारत जर्मनी से क्या ख़रीदता है
TradeStat के अनुसार भारत का इस देश से आयात, 2025-26, HS अध्याय के हिसाब से — यह देश आपका सप्लायर भी हो सकता है।
- भारत का आयात, 2025-26
- US$ 19.5 बिलियन US$ 18.9 बिलियन → US$ 19.5 बिलियन
- भारत का निर्यात, 2025-26
- US$ 11.5 बिलियन
- व्यापार संतुलन
- −US$ 7.95 बिलियन निर्यात घटा आयात
- आयात में बदलाव
- +2.8%
देश एक नज़र में
- जनसंख्या
- 83.5 मिलियन 2025
- GDP
- US$ 5,050.9 बिलियन 2025
- प्रति व्यक्ति GDP
- US$ 60,496 2025
- कुल आयात (सामान और सेवाएँ)
- US$ 1,923.3 बिलियन 2025
स्रोत: TradeStat — Export Import Data Bank, Department of Commerce · UN Comtrade database (United Nations Statistics Division) · World Bank — World Development Indicators · आँकड़े लिए गए: 29 अक्टूबर 2026।
जर्मनी को क्या भेजें
सभी उत्पाद →
निर्यात मुक्तकपड़ा और परिधानरेडीमेड वस्त्र (गारमेंट्स)ब्रांडों और रिटेल कंपनियों के लिए निटेड और वोवन कपड़े; बड़े खरीदार अमेरिका, ब्रिटेन, UAE और यूरोपीय संघ हैं।HS6109.10निर्यात 2025-26US$ 15.8 बिलियन ↓1.2%
निर्यात मुक्तकपड़ा और परिधानहोम टेक्सटाइल (बिस्तर, स्नान और रसोई के कपड़े)रिटेलरों के लिए चादरें, तौलिये और रसोई के कपड़े; भारत के आधे से ज़्यादा निर्यात अमेरिका खरीदता है।HS6302निर्यात 2025-26US$ 2.01 बिलियन ↓5.7%
शर्तों के साथ मुक्तचमड़ा और जूतेचमड़े के सामान (बैग, बटुए, बेल्ट)ब्रांडों के लिए चमड़े के हैंडबैग, बटुए और यात्रा सामान; ज़्यादातर अमेरिका और यूरोप खरीदते हैं।HS4202निर्यात 2025-26US$ 1.59 बिलियन ↓1.8%
निर्यात मुक्तचमड़ा और जूतेजूते-चप्पलआगरा, कानपुर और तमिलनाडु के चमड़े के जूते, सैंडल और बूट; अमेरिका, ब्रिटेन और जर्मनी आगे।HS6403निर्यात 2025-26US$ 1.69 बिलियन ↓4.7%
निर्यात मुक्तइंजीनियरिंग सामानऑटो पार्ट्स और पुर्ज़ेवाहन निर्माताओं और आफ़्टरमार्केट के लिए पुर्ज़े; ज़्यादातर अमेरिका, जर्मनी और इटली खरीदते हैं, लैटिन अमेरिका में भी अच्छी माँग।HS8708निर्यात 2025-26US$ 7.64 बिलियन ↑1.8%
निर्यात मुक्तइंजीनियरिंग सामानलोहे और स्टील की ढलाई (कास्टिंग)कोल्हापुर, राजकोट, कोयंबटूर और हावड़ा की ग्रे और डक्टाइल आयरन व स्टील कास्टिंग; अमेरिका आगे।HS7325निर्यात 2025-26US$ 1.25 बिलियन ↑3.2%
निर्यात मुक्तइंजीनियरिंग सामानहाथ के औज़ारजालंधर और लुधियाना के हथौड़े, रिंच, प्लास और बागवानी औज़ार; ज़्यादातर अमेरिका खरीदता है।HS8205निर्यात 2025-26US$ 161 मिलियन ↓7%
निर्यात मुक्तइंजीनियरिंग सामानपंपकोयंबटूर, राजकोट और अहमदाबाद के कृषि, घरेलू और औद्योगिक पंप; अमेरिका आगे।HS8413निर्यात 2025-26US$ 1.6 बिलियन ↑5.2%
यूरोप के और देश
CETAGBPलंदनयूनाइटेड किंगडमनया CETA जुलाई 2026 से लागू — ज़्यादातर भारतीय माल अब शुल्क-मुक्त जाता है। परिधान, खाद्य और इंजीनियरिंग के लिए मज़बूत बाज़ार।भारत से 2025-26US$ 13.4 बिलियन
EURएम्स्टर्डमनीदरलैंडयूरोप का मुख्य प्रवेश द्वार: रॉटरडैम पूरे EU का माल संभालता है। EU के खाद्य-सुरक्षा और अवशेष नियम लागू होते हैं।भारत से 2025-26US$ 17.5 बिलियन
EURपेरिसफ़्रांसफ़ैशन, खाद्य और डिज़ाइन का बाज़ार। EU नियम और फ़्रेंच भाषा के लेबल; SIAL पेरिस मुख्य खाद्य मेला।भारत से 2025-26US$ 7.1 बिलियन
EURरोमइटलीभारतीय चमड़े, धागे, ढलाई, रसायन और समुद्री खाद्य का विनिर्माण ख़रीदार। EU नियम लागू।भारत से 2025-26US$ 7.79 बिलियन
