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खेती की उपज

लहसुन का निर्यात

ताज़ा लहसुन Spices Board की सूची का मसाला है: CRES ज़रूरी। निर्यात व्यापार छोटा है; विश्व आपूर्ति पर चीन हावी है।

निर्यात मुक्तHS 0703.20
HS कोड
0703.20
ताज़ा या ठंडा किया लहसुन (0703 20 00)। निर्जलित लहसुन के फ़्लेक्स और पाउडर 0712 में आते हैं।
निर्यात नीति
निर्यात मुक्त
ITC(HS) अनुसूची 2 में निर्यात मुक्त है, पर लहसुन Spices Board की सूची में है, इसलिए CRES ज़रूरी है। मौजूदा स्थिति dgft.gov.in पर पक्की करें।
पंजीकरण
4
IEC, GST और नीचे दिए गए
2025-26 में भारत का निर्यात
US$ 5.2 मिलियन
25 देशों को

क्या निर्यात होता है

2025-26 में ताज़े लहसुन का निर्यात केवल लगभग US$ 5 मिलियन रहा (TradeStat); मलेशिया, UAE, बांग्लादेश, भूटान और अमेरिका आगे रहे, और Spices Board के आँकड़ों में हाल के वर्षों में इंडोनेशिया को भी अच्छी खेपें दर्ज हैं। भारतीय लहसुन तीखे स्वाद वाला और कई छोटी कलियों वाला होता है, जो बड़े एकल गाँठ चाहने वाले सुपरमार्केट से ज़्यादा प्रवासी और प्रसंस्करण ख़रीदारों को जँचता है।

क़िस्में, ग्रेड और रूप

  • ऊटी और मंदसौर प्रकार का लहसुनबड़ी कलियाँ; निर्यात लॉट के लिए पसंद।
  • देसी कई कलियों वाला लहसुनछोटी कलियाँ, तेज़ तीखापन; प्रवासी और प्रसंस्करण ख़रीदारों को बिकता है।
  • गाँठ के व्यास के अनुसार ग्रेडख़रीदार मिलीमीटर में व्यास-सीमा के हिसाब से माँगते हैं; यह सीमा अनुबंध में तय करें।

कहाँ उगता या बनता है

  • मध्य प्रदेशमंदसौर, नीमच, रतलाम, उज्जैन — रतलाम रियावन लहसुन GI है।
  • राजस्थानकोटा, बारां, झालावाड़, चित्तौड़गढ़।
  • गुजरात और उत्तर प्रदेशजामनगर और राजकोट; पश्चिमी उत्तर प्रदेश।
  • तमिलनाडु और केरल के पहाड़कोडैकनाल और कांतल्लूर-वट्टवडा (इडुक्की) — दोनों GI लहसुन।

मौसम

रबी फ़सल, खुदाई मार्च–मई में; सुखाया लहसुन भंडारित होकर साल भर भेजा जाता है।

निर्यात पैकिंग

  • 5–25 किलो की जालीदार थैलियाँ या खुले मुँह वाले कार्टन; हवादार कंटेनर।
  • छिली कलियाँ वैक्यूम या संशोधित-वातावरण पैक में, प्रशीतन के साथ।

विदेश में ख़रीदार

  • भारतीय और दक्षिण एशियाई किराना आयातक और वितरक
  • विदेश के निर्जलीकरण और पेस्ट प्रसंस्करणकर्ता
  • पड़ोसी देशों के थोक मंडी व्यापारी और आयातक

ख़रीदार किस गुणवत्ता की माँग करते हैं

गाँठ का आकार
अनुबंध में तय व्यास-सीमा के अनुसार
स्थिति
पूरी तरह सूखा, बाहरी छिलका सही, अंकुर, फफूंद या बिखरी कलियाँ नहीं
अवशेष
गंतव्य की MRL

प्रमाणपत्र

  • Spices Board CRESज़रूरीमसाला निर्यातक पंजीकरण प्रमाणपत्र; सूचीबद्ध मसाले के निर्यात से पहले क़ानूनन ज़रूरी।
  • Phytosanitary certificateज़रूरीहर खेप के लिए निरीक्षण के बाद Plant Quarantine (DPPQS) जारी करता है; आवेदन PQMS पर।
  • FSSAI licenceज़रूरीजिस परिसर में निर्यात के लिए खाद्य पैक या भंडारित होता है, उसके लिए FSSAI का केंद्रीय लाइसेंस।
  • GLOBALG.A.P.अक्सर माँगा जाता हैखेत-स्तर पर अच्छी कृषि पद्धतियों का प्रमाणन, जिसे ताज़ी उपज के यूरोपीय सुपरमार्केट ख़रीदार माँगते हैं।

शिपिंग, भंडारण और टिकाऊपन

कंटेनर में कितना

40 फ़ुट का हवादार या रीफ़र कंटेनर आमतौर पर जालीदार थैलियों में लगभग 25–28 टन ले जाता है।

कैसे भेजें

मुंद्रा, JNPA या चेन्नई से समुद्री माल-भाड़ा; बांग्लादेश, नेपाल और भूटान को सड़क मार्ग।

भंडारण

सूखा, हवादार भंडारण; लंबे समय के लिए आमतौर पर लगभग 0 °C और कम नमी वाला शीतगृह।

टिकाऊपन

अच्छी तरह सुखाया लहसुन शीतगृह में कई महीने।

पैक और कार्टन पर क्या लिखें

  • थोक बोरियाँ और कार्टन: उत्पाद और ग्रेड, फ़सल वर्ष, लॉट नंबर, शुद्ध और कुल वज़न, "Product of India", निर्यातक का नाम और ख़रीदार के शिपिंग मार्क — बीजक और पैकिंग सूची से हूबहू मेल खाते हुए।
  • खाड़ी देश: अरबी में विवरण (अरबी के साथ अंग्रेज़ी आम है), उत्पादन और समाप्ति तिथि, शुद्ध वज़न, मूल देश और आयातक का विवरण। मौजूदा नियम अपने आयातक से पक्के करें।
  • EU के लिए ताज़ी उपज के कार्टन (विनियम 2023/2429): पैकर का नाम-पता, उपज और किस्म, मूल देश, श्रेणी, आकार कोड और शुद्ध वज़न।
जाँच कहाँ कराएँ

Spices Board की गुणवत्ता मूल्यांकन प्रयोगशालाएँ कोच्चि, मुंबई, चेन्नई, गुंटूर, नरेला (दिल्ली), तूतीकोरिन, कांडला, कोलकाता और जोधपुर में हैं (शुल्क और फ़ॉर्म indianspices.com → Quality पर)। NABL-मान्य निजी लैब भी चलती हैं; अपने मसाले और बाज़ार के लिए बोर्ड की अनिवार्य जाँचों की सूची देखें।

इस उत्पाद के निर्यात के लाभ

  • इस लाइन पर RoDTEP वापसी

    लहसुन (0703 20 00) पर FOB का 1.9%, अधिकतम ₹1.2 प्रति किलो। दर Appendix 4R (10 अक्टूबर 2024 से लागू) के अनुसार है; DGFT अधिसूचना 41/2026-27 ने 30 सितंबर 2026 को लागू दरें 31 दिसंबर 2026 तक बिना बदलाव जारी रखी हैं। दाम तय करने से पहले अपनी सटीक 8 अंकों की लाइन dgft.gov.in पर जाँच लें।

    DGFT — Appendix 4R, RoDTEP schedule for DTA exports w.e.f. 10 Oct 2024 (Notification No. 32, 30 Sep 2024) ↗
  • GI टैग

    पंजीकृत लहसुन GI: कोडैकनाल मलैपूंडु (तमिलनाडु), कांतल्लूर वट्टवडा वेलुथुल्ली (केरल) और रतलाम रियावन लहसुन (मध्य प्रदेश)।

    Spices Board — List of GI tags registered for spices (as of 15 Sep 2026) ↗
  • Spices Board की SPICED योजना

    Spices Board अपनी SPICED योजना के तहत पंजीकृत निर्यातकों को सहायता देता है (गुणवत्ता सुधार, जाँच, बाज़ार प्रोत्साहन)। 2026-27 के आवेदन 1 जुलाई 2026 से ऑनलाइन खुले; अगली सूचना के लिए बोर्ड का योजना पेज देखते रहें।

    Spices Board — SPICED scheme programmes for 2026-27 ↗

कहाँ पंजीकरण कराएँ

  • Spices Boardमसाला निर्यातक पंजीकरण प्रमाणपत्र (CRES)। Spices Board की सूची वाले किसी भी मसाले का निर्यात करने वाले हर व्यक्ति के लिए यह क़ानूनन ज़रूरी है, और यही आपका RCMC भी है।indianspices.org.in ↗
  • Plant Quarantine (DPPQS)पौध-उपज की हर खेप के लिए पादप-स्वच्छता प्रमाणपत्र, जिसका आवेदन PQMS पर ऑनलाइन होता है। कुछ देश पैकहाउस या प्रसंस्करण इकाई का पंजीकरण भी माँगते हैं।pqms.cgg.gov.in ↗

गुणवत्ता और जाँच

  • हर खेप के लिए Plant Quarantine से पादप-स्वच्छता प्रमाणपत्र; कुछ देश उपचार या कीट-मुक्त क्षेत्र की शर्तें भी जोड़ते हैं — पहले आयातक देश के नियम देखें।
  • अच्छी तरह सुखाई गई गाँठें जिनका छिलका सही हो, व्यास के हिसाब से छँटी हुई; अंकुरण, फफूंद या बिखरी कलियाँ नहीं।
  • कीटनाशक अवशेष गंतव्य देश की MRL के भीतर होने चाहिए; फ़सल ख़रीदने से पहले APEDA के अंतरराष्ट्रीय कीटनाशक MRL डेटाबेस में इन्हें देख लें।
छोटी शुरुआत कैसे करें

CRES लें, फिर मध्य प्रदेश या राजस्थान की फ़सल से छँटा और सुखाया लहसुन मलेशिया या खाड़ी के किसी प्रवासी-बाज़ार आयातक को पेश करें। जालीदार बोरियों में, हवादार या रीफ़र कंटेनर से भेजें। 15 सितंबर 2026 से ₹3 लाख FOB तक की खेप के लिए RCMC ज़रूरी नहीं है (DGFT अधिसूचना 36/2026-27); किसी क़ानून के तहत ज़रूरी पंजीकरण फिर भी लागू रहते हैं।

जहाँ नए निर्यातक चूकते हैं

  • सुपरमार्केट में चीनी लहसुन से दाम पर मुक़ाबला करना — भारतीय लहसुन आमतौर पर उसके आकार और दाम की बराबरी नहीं कर पाता।
  • पूरी तरह सूखने से पहले भेज देना — रास्ते में गाँठों में नमी, फफूंद और अंकुर आ जाते हैं।

इसके लिए ख़ास दस्तावेज़

लागू योजनाएँ

स्रोत (5)
  1. Department of Commerce — TradeStat, India’s exports by commodity and country (2025-26)
  2. Spices Board — Major item/country-wise export of spices (2021-22 to 2025-26)
  3. Spices Board — Spices under the purview of the Board (52 spices)
  4. Spices Board — List of GI tags registered for spices (as of 15 Sep 2026)
  5. DGFT Notification 36/2026-27 (15 Sep 2026) — no RCMC needed for consignments up to ₹3 lakh FOB

व्यापार के आँकड़े

भारत से लहसुन का निर्यात — आँकड़ों में

वाणिज्य विभाग के TradeStat से, हर देश के लिए। US$ में, वित्त वर्ष (अप्रैल–मार्च)।

2025-26 में निर्यात
US$ 5.2 मिलियन
2020-21 से 2025-26 तक हर साल औसतन +1.7%
2024-25 से बदलाव
↓ -57%
US$ 12.1 मिलियन → US$ 5.2 मिलियन
ख़रीदार देश
25
औसत निर्यात मूल्य
US$ 0.75
प्रति किलो · 6,950 टन भेजा गया · पिछले साल US$ 0.98
मलेशिया: US$ 1.4 मिलियनसंयुक्त अरब अमीरात: US$ 910 हज़ारबांग्लादेश: US$ 600 हज़ारताइवान: US$ 430 हज़ारभूटान: US$ 420 हज़ारसंयुक्त राज्य अमेरिका: US$ 260 हज़ारसेनेगल: US$ 200 हज़ारऑस्ट्रेलिया: US$ 160 हज़ारवियतनाम: US$ 140 हज़ारक़तर: US$ 120 हज़ारओमान: US$ 100 हज़ारकनाडा: US$ 90 हज़ारकुवैत: US$ 60 हज़ारकोत दिव्वार (आइवरी कोस्ट): US$ 60 हज़ारघाना: US$ 60 हज़ारसऊदी अरब: US$ 50 हज़ारनेपाल: US$ 40 हज़ारबहरीन: US$ 30 हज़ारपुर्तगाल: US$ 20 हज़ारस्पेन: US$ 20 हज़ारटोगो: US$ 20 हज़ारफ़्रांस: US$ 10 हज़ारमालदीव: US$ 10 हज़ारसिंगापुर: US$ 10 हज़ारमलेशिया: US$ 1.4 मिलियनमलेशियासंयुक्त अरब अमीरात: US$ 910 हज़ारसंयुक्त अरब अमीरातबांग्लादेश: US$ 600 हज़ारबांग्लादेशताइवान: US$ 430 हज़ारताइवानभूटान: US$ 420 हज़ारभूटानसंयुक्त राज्य अमेरिका: US$ 260 हज़ारसंयुक्त राज्य अमेरिकासेनेगल: US$ 200 हज़ारऑस्ट्रेलिया: US$ 160 हज़ारवियतनाम: US$ 140 हज़ारक़तर: US$ 120 हज़ारओमान: US$ 100 हज़ारकनाडा: US$ 90 हज़ारकुवैत: US$ 60 हज़ारकोत दिव्वार (आइवरी कोस्ट): US$ 60 हज़ारघाना: US$ 60 हज़ारसऊदी अरब: US$ 50 हज़ारनेपाल: US$ 40 हज़ारबहरीन: US$ 30 हज़ारपुर्तगाल: US$ 20 हज़ारस्पेन: US$ 20 हज़ारटोगो: US$ 20 हज़ारफ़्रांस: US$ 10 हज़ारमालदीव: US$ 10 हज़ारसिंगापुर: US$ 10 हज़ारभारत
भारत से लहसुन कहाँ जाता है — हमारे 80 देशों में, 2025-26
2020-21: US$ 4.8 मिलियन4.82020-212021-22: US$ 2.9 मिलियन2.92021-222022-23: US$ 11.3 मिलियन112022-232023-24: US$ 25.4 मिलियन252023-242024-25: US$ 12.1 मिलियन122024-252025-26: US$ 5.2 मिलियन5.22025-26
भारत का लहसुन निर्यात, साल-दर-साल · US$ मिलियन

दाम का चक्र

भारत के निर्यात का औसत दाम प्रति किलो, हर साल (कुल मूल्य ÷ कुल मात्रा)। सबसे ऊँचा 2020-21 में, सबसे नीचा 2022-23 में — ऊपर-नीचे का फ़र्क़ 247%। दाम तय करते समय यह झूला याद रखें।

2020-21: US$ 1.06 प्रति किलो1.062021-22: US$ 0.65 प्रति किलो2022-23: US$ 0.31 प्रति किलो0.312024-25: US$ 0.98 प्रति किलो2025-26: US$ 0.75 प्रति किलो0.752020-212021-222022-232023-242024-252025-26
लहसुन का औसत निर्यात दाम · US$ प्रति किलो · बिंदीदार रेखा = बीच का साल उपलब्ध नहीं

आगे क्या: रुझान से अनुमान

पिछले सालों के रुझान को आगे बढ़ाकर बनाया गया अनुमान — किसी सरकारी संस्था का पूर्वानुमान नहीं। नीति, दाम या माँग का अचानक बदलाव इसमें शामिल नहीं है।

2020-21: US$ 4.8 मिलियन2020-212021-22: US$ 2.9 मिलियन2021-222022-23: US$ 11.3 मिलियन2022-232023-24: US$ 25.4 मिलियन2023-242024-25: US$ 12.1 मिलियन2024-252025-26: US$ 5.2 मिलियन2025-262026-27: US$ 13.8 मिलियन (US$ 4.5 मिलियन – US$ 42.1 मिलियन)142026-272027-28: US$ 16.2 मिलियन (US$ 4.7 मिलियन – US$ 56.1 मिलियन)162027-28
भारत का लहसुन निर्यात और अनुमान · खोखले बार = अनुमान, रेखा = संभावित दायरा
2027-28 तक: US$ 16.2 मिलियन

संभावित दायरा US$ 4.7 मिलियन से US$ 56.1 मिलियन।

रुझान
+17.1% प्रति वर्ष
फ़िट (R²)
0.14 — कमज़ोर, सावधानी से पढ़ें
आधार
6 साल के आधिकारिक आँकड़े

तरीका: सालाना निर्यात के लघुगणक पर सीधी रेखा (लॉग-लीनियर रिग्रेशन), दायरा ±1 मानक त्रुटि।

सबसे बड़े ख़रीदार देश

2025-26 में मूल्य के हिसाब से। बदलाव 2024-25 की तुलना में।

नाम2025-26बदलाव
1मलेशियाUS$ 1.4 मिलियन-18%
3बांग्लादेशUS$ 600 हज़ार-90.1%
4ताइवानUS$ 430 हज़ार+377.8%
5भूटानUS$ 420 हज़ार-14.3%
7सेनेगलUS$ 200 हज़ार—
8ऑस्ट्रेलियाUS$ 160 हज़ार+1,500%
9वियतनामUS$ 140 हज़ार-57.6%
10क़तरUS$ 120 हज़ार+9.1%
11ओमानUS$ 100 हज़ार-16.7%
12कनाडाUS$ 90 हज़ार—

कहाँ माँग बढ़ रही है, कहाँ घट रही है

केवल वे देश जो कम से कम US$ 1 मिलियन या भारत के इस निर्यात का 1% ख़रीदते हैं। 2024-25 से 2025-26 का बदलाव।

ज़्यादा माँग

इस साल कोई बड़ा देश इस सूची में नहीं आया।

कम माँग

  1. बांग्लादेशUS$ 6.1 मिलियन → US$ 600 हज़ार-90.1%
  2. मलेशियाUS$ 1.7 मिलियन → US$ 1.4 मिलियन-18%

किस रूप में कितना जाता है, और किस दाम पर

भारत का निर्यात 8-अंकीय टैरिफ़ लाइन के हिसाब से, 2025-26। औसत दाम = कुल मूल्य ÷ कुल मात्रा (TradeStat), यानी एक लाइन के सभी शिपमेंट का औसत — किसी एक सौदे का दाम नहीं।

टैरिफ़ लाइनमूल्य 2025-26बदलावमात्राऔसत दाम
Vegetables, alliaceous, garlic, fresh or chilled — garlic fresh or chilled0703 20 00US$ 5.2 मिलियन-57%6,950 टनUS$ 0.75 प्रति किलोपिछले साल US$ 0.98

दुनिया का बाज़ार

UN Comtrade में हर देश का अपना दर्ज निर्यात और आयात, 2023 (वह नवीनतम साल जिसका लगभग सभी देशों ने आँकड़ा भेजा है)।

दुनिया का कुल आयात
US$ 2.9 बिलियन
2023
निर्यातकों में भारत
#11
115 देशों में
दुनिया के निर्यात में भारत का हिस्सा
0.8%
US$ 27.6 मिलियन
बाक़ी दुनिया का हिस्सा
US$ 3.37 बिलियन
दूसरे देशों का निर्यात

सबसे बड़े निर्यातक — आपके प्रतियोगी

  1. 1चीनUS$ 2.37 बिलियन 69.7%
  2. 2स्पेनUS$ 420 मिलियन 12.4%
  3. 3अर्जेंटीनाUS$ 113 मिलियन 3.3%
  4. 4नीदरलैंडUS$ 101 मिलियन 3%
  5. 5मेक्सिकोUS$ 39.6 मिलियन 1.2%
  6. 6संयुक्त अरब अमीरातUS$ 39.4 मिलियन 1.2%
  7. 7फ़्रांसUS$ 38.9 मिलियन 1.1%
  8. 8मिस्रUS$ 36.8 मिलियन 1.1%
  9. 9पेरूUS$ 30.7 मिलियन 0.9%
  10. 10इटलीUS$ 29.3 मिलियन 0.9%

दुनिया के सबसे बड़े ख़रीदार

  1. 1इंडोनेशियाUS$ 649 मिलियन 22.3%
  2. 2अमेरिकाUS$ 277 मिलियन 9.5%
  3. 3मलेशियाUS$ 234 मिलियन 8.1%
  4. 4ब्राज़ीलUS$ 128 मिलियन 4.4%
  5. 5वियतनामUS$ 117 मिलियन 4%
  6. 6जर्मनीUS$ 104 मिलियन 3.6%
  7. 7फ़्रांसUS$ 78.3 मिलियन 2.7%
  8. 8यूनाइटेड किंगडमUS$ 75.3 मिलियन 2.6%
  9. 9नीदरलैंडUS$ 70.3 मिलियन 2.4%
  10. 10इटलीUS$ 68.9 मिलियन 2.4%

मौक़ा: ये देश दुनिया से कितना ख़रीदते हैं, और भारत से कितना

UN Comtrade में हर देश का अपना दर्ज आयात, देश के नवीनतम वर्ष का। लंबी हल्की पट्टी वह माँग है जो अभी दूसरे देश पूरी कर रहे हैं।

इंडोनेशियाUS$ 748 मिलियनभारत 0% · अंतर US$ 748 मिलियन
संयुक्त राज्य अमेरिकाUS$ 314 मिलियनभारत 0% · अंतर US$ 314 मिलियन
मलेशियाUS$ 313 मिलियनभारत 0.7% · अंतर US$ 311 मिलियन
वियतनामUS$ 151 मिलियनभारत 0.6% · अंतर US$ 150 मिलियन
जर्मनीUS$ 135 मिलियनभारत 0% · अंतर US$ 135 मिलियन
नीदरलैंडUS$ 103 मिलियनभारत 0% · अंतर US$ 103 मिलियन
इटलीUS$ 91.4 मिलियनभारत 0% · अंतर US$ 91.4 मिलियन
फ़्रांसUS$ 91.3 मिलियनभारत 0.1% · अंतर US$ 91.2 मिलियन
यूनाइटेड किंगडमUS$ 75.3 मिलियनभारत 0% · अंतर US$ 75.3 मिलियन
कनाडाUS$ 73 मिलियनभारत 0.1% · अंतर US$ 72.9 मिलियन

2023-24 की मात्रा TradeStat में दोगुनी दर्ज है, इसलिए वह साल औसत मूल्य में नहीं लिया गया। स्रोत: TradeStat — Export Import Data Bank, Department of Commerce · UN Comtrade database (United Nations Statistics Division) · आँकड़े लिए गए: 29 अक्टूबर 2026।

कदम-दर-कदम

लहसुन का निर्यात कैसे करें

विश्व लहसुन व्यापार पर चीन हावी है, और भारतीय लहसुन — छोटी गाँठें, कई कलियाँ, तेज़ तीखापन — मुख्यधारा के सुपरमार्केट से ज़्यादा प्रवासी और प्रसंस्करण ख़रीदारों को बिकता है। मलेशिया, UAE, बांग्लादेश और इंडोनेशिया नियमित बाज़ार हैं। निर्यात की मात्रा देश के दामों के साथ बदलती है: जिन वर्षों में भारत में दाम ऊँचे होते हैं, निर्यात घट जाता है। मौक़े हैं: अलग पहचान वाले GI लहसुन, और छिला या प्रसंस्कृत लहसुन।

  1. 01IEC और CRES लें

    DGFT पोर्टल पर IEC का आवेदन करें, फिर Spices Board पोर्टल पर CRES का; पैकिंग या प्रसंस्करण करें तो FSSAI लाइसेंस भी लें।

  2. 02सूखा लहसुन ख़रीदें

    मंदसौर, नीमच या कोटा की मंडियों से सूखने के बाद ख़रीदें; गाँठ का आकार और सूखापन जाँचें।

  3. 03निरीक्षण और पादप-स्वच्छता प्रमाणपत्र

    PQMS पर आवेदन करें; प्रमाणपत्र देने से पहले Plant Quarantine लॉट का निरीक्षण करता है (और आयातक देश माँगे तो धूमन या उपचार भी)।

  4. 04साफ़ करें, निर्जीवाणु करें और जाँचें

    लॉट को मशीन से साफ़ और छाँटें, ख़रीदार या बाज़ार को चाहिए तो भाप से निर्जीवाणु करें, और NABL या Spices Board की लैब में अवशेष, सूक्ष्मजीव और संदूषक की जाँच कराएँ।

  5. 05विनिर्देश, दाम और भुगतान तय करें

    ग्रेड, जाँचें, पैकिंग, Incoterm (FOB या CIF), लदान अवधि और भुगतान (अग्रिम, LC या भुगतान पर दस्तावेज़) लिखित अनुबंध में रखें। उधार दें तो ख़रीदार को ECGC से कवर करें।

  6. 06शिपिंग बिल भरें और माल भेजें

    आपका कस्टम ब्रोकर बीजक और पैकिंग सूची के साथ ICEGATE पर शिपिंग बिल भरता है। सीमा-शुल्क मंज़ूरी के बाद शिपिंग लाइन बिल ऑफ़ लैडिंग देती है; ख़रीदार को व्यापार-समझौते की दर चाहिए तो सही एजेंसी से उत्पत्ति प्रमाणपत्र लें।

  7. 07भुगतान लें और फ़ाइल बंद करें

    मूल दस्तावेज़ अपने बैंक के ज़रिये भेजें (अग्रिम भुगतान हो तो सीधे ख़रीदार को)। पैसा आने पर e-BRC लें और जहाँ लागू हों, RoDTEP और ड्रॉबैक का दावा करें।

सवाल-जवाब

लहसुन के निर्यात पर सवाल

ताज़े लहसुन के लिए CRES क्यों चाहिए?
लहसुन Spices Board द्वारा सूचीबद्ध 52 मसालों में है, इसलिए निर्यातकों को उसमें पंजीकरण कराना ज़रूरी है।
क्या भारतीय लहसुन चीनी लहसुन से मुक़ाबला कर सकता है?
सुपरमार्केट में आकार और दाम पर कम ही; प्रवासी और प्रसंस्करण बाज़ारों में यह स्वाद के दम पर मुक़ाबला करता है।
किन भारतीय लहसुनों को GI टैग मिला है?
कोडैकनाल मलैपूंडु, कांतल्लूर वट्टवडा वेलुथुल्ली और रतलाम रियावन लहसुन (Spices Board की GI सूची)।
क्या छोटी परीक्षण खेप के लिए RCMC चाहिए?
15 सितंबर 2026 से ₹3 लाख FOB तक की खेप के लिए नहीं (DGFT अधिसूचना 36/2026-27)। क़ानून के तहत ज़रूरी पंजीकरण, जैसे Spices Board का CRES या तंबाकू बोर्ड पंजीकरण, फिर भी लागू रहते हैं।
लहसुन पर कितना RoDTEP मिलता है?
FOB का 1.9%, अधिकतम ₹1.2 प्रति किलो (Appendix 4R)।
स्रोत (5)
  1. Spices Board — Major item/country-wise export of spices (2021-22 to 2025-26)
  2. Spices Board — List of GI tags registered for spices (as of 15 Sep 2026)
  3. Spices Board — Spices under the purview of the Board (52 spices)
  4. Department of Commerce — TradeStat, India’s exports by commodity and country (2025-26)
  5. DGFT — Appendix 4R, RoDTEP schedule for DTA exports w.e.f. 10 Oct 2024 (Notification No. 32, 30 Sep 2024)

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